कुछ यादें… पुण्यतिथि के बहाने

0
Spread the love

कुछ यादें… पुण्यतिथि के बहाने

 

श्री चंद्रप्रभाष शेखर यानी इंदौर की राजनीति

का एक सौम्य और शालीन चेहरा । राजनीति

से पहले पत्रकारिता में भी एक पारी खेल चुकी

शख्शियत। सालों नई दुनिया के खास माने गए

और बाद में दैनिक भास्कर को इंदौर में लाने में

भी अहम भूमिका निभाई।

 

नर्मदा को इंदौर लाने मैं जो टीम फ्रंट पर थी

श्री शेखर भी उसका एक हिस्सा थे। 70-80

के दशक में श्यामा चरण शुक्ल,प्रकाश चंद्र

सेठी, अर्जुन सिंह और मोतीलाल वोरा की

केबिनेट में अलग-अलग विभागों के मंत्री रहे।

दिग्विजय सिंह ने दोस्ती निभाई और गृह

निर्माण मंडल अध्यक्ष बनाया।

 

सालों तक मंत्री रहे शेखर सुरेश पचौरी

और कमलनाथ के प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष

रहते हुए संगठन में भी बड़ी महत्वपूर्ण भूमिका

में रहे। प्रदेश के बड़े कॉर्पोरेट दिग्गजों को

पचौरी के नजदीक लाने में उन्होंने बड़ी

भूमिका निभाई और बाद में कमलनाथ के

लिए नेटवर्क बनाने में जुट गए। 2 साल तक

दिल्ली में प्रदेश के दिग्गजों को वे कमलनाथ

से रूबरू करवाते रहे।

 

कमलनाथ में भी उन्हें पूरा सम्मान दिया और

उपाध्यक्ष बनाते हुए संगठन प्रभारी बनाया।

इस दौर में उनके संगठन में तूती बोलती थी।

शेखर स्वाभिमानी नेता भी थे, जब कांग्रेस के कुछ नेताओं ने उन्हें अपमानित करने का षड्यंत्र रचा

तो वह भोपाल छोड़कर इंदौर आ गए

 

प्रदेश के कई बड़े उद्योगपति उनके बड़े

नजदीकी मित्र थे, डॉ रमेश बाहेती, भास्कर समूह

के चैयरमेन रमेश अग्रवाल, सुरेंद्र संघवी,सुभाष

गुप्ता, विष्णु राजौरिया जैसे उनके मित्रों की लंबी फेहरिस्त रही।

 

चंद्रप्रभाष शेखर और महेश जोशी ने कांग्रेस की

राजनीति करीब करीब साथ शुरू की थी लेकिन

दोनों की स्टाइल अलग थी।

 

विनम्र आदरांजलि।arvind tewari

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *