इंदौर के भागीरथपुरा मामले पर विधानसभा में नहीं होगी चर्चा
बजट सत्र के पांचवें दिन शुक्रवार को विधानसभा में इंदौर में दूषित पानी से मौतों को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस हुई। नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि घटना के बाद सरकार ने तुरंत कार्रवाई की। पीड़ितों के इलाज, पानी की जांच और नई पाइपलाइन का काम शुरू किया गया। जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई भी की गई है।
उन्होंने कहा कि यह 90 साल पुरानी बस्ती है। यहां अशिक्षित लोग रहते हैं, जहां काम करना नगर निगम कर्मचारियों के लिए मुश्किल होता है। इसी कारण कर्मचारी ठीक तरीके से काम नहीं कर पा रहे थे। महापौर ने टेंडर जारी किए थे, लेकिन काम समय पर शुरू नहीं हो पाया।
इस पर नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा कि लोगों को साफ पानी देना सरकार की जिम्मेदारी है। काला पानी की सजा तो सुनी है, लेकिन यहां तो लोगों को काला पानी पिलाया जा रहा है। इस पर सरकार जवाब नहीं दे रही है।
विपक्ष ने इस मामले पर स्थगन प्रस्ताव पर चर्चा कराने की मांग की तो स्पीकर नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा- विधानसभा की नियमावली के नियम 55 के उपखंड 5 के अनुसार स्थगन प्रस्ताव में उस विषय पर चर्चा नहीं होगी, जिस पर सदन में पहले ही चर्चा हो चुकी है।

आज के अपडेट्स…
- कांग्रेस विधायक अभिजीत शाह ने कहा- मैंने सदन में VB-G RAM G के नाम बदलने का मुद्दा उठाया तो बीजेपी विधायक प्रीतम सिंह लोधी ने आपत्ति ली। इस पर मैंने उनसे भगवान श्रीराम की माता का नाम पूछा तो वे नहीं बता पाए। इस पर लोधी ने कहा- मैंने उनको कहा कि तुम कौरवों के नाम बता दो। वे नहीं बता पाए। अगर वे बता देते तो मैंने उनके सवालों के जवाब दे देता।
- प्रश्नकाल के दौरान विधायक भंवर सिंह शेखावत ने कहा- आज कैलाश जी बदले-बदले नजर आ रहे हैं। माहौल भी कुछ अलग दिखाई दे रहा है। इस पर मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने भी हल्के-फुल्के अंदाज में जवाब देते हुए कहा- किसी की बर्बादी के आसार नहीं हैं। होली का त्योहार आ रहा है। सभी को खुश रहना चाहिए। रिश्तों में मिठास और मुस्कान बनी रहनी चाहिए।
- विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा- इंदौर में होली पर मूर्ख सम्मेलन होता है। उसमें भंवर सिंह शेखावत की क्या भूमिका रहती है? जवाब में शेखावत ने भी हंसते हुए कहा- वहां बजरबट्टू सम्मेलन होता है, जिसमें विजयवर्गीय हर बार नए रूप में आते हैं। किसी अन्य को यह भूमिका निभाने का मौका नहीं देते।
- प्रश्नकाल के दौरान बीजेपी विधायक अजय बिश्नोई ने विधानसभा में कहा- भोपाल नगर निगम ने 10 मेगावाट क्षमता की बिजली के लिए एक निजी कंपनी से समझौता किया है। इस समझौते के तहत नगर निगम को लगभग 35 साल तक 3 से 3.50 रुपए प्रति यूनिट की दर से बिजली मिलेगी।

