10 से ज्यादा बार चाकुओं से गोदकर ठेकेदार की हत्या
भोपाल के कोलार इलाके में पुताई ठेकेदार की चाकू-छुरी से दस से अधिक वार कर हत्या कर दी गई। वारदात पुरानी रंजिश में अंजाम दी गई। मृतक और आरोपी पहले दोस्त थे। युवक आरोपियों की गलत हरकतों और मोहल्ले में आतंक का विरोध करता था। इसी कारण उसने उनसे बात बंद कर दी थी। इसी से नाराज होकर बदमाशों ने हत्याकांड किया।
निखिल सितोले पुत्र सतीश सितोले (20) सर्वधर्म दामखेड़ा में शुक्रवार रात 9:30 बजे घर के बाहर खड़ा था, तभी आरोपी धनु, गोविंद, आशीष, जुगल और गन्नू आए और चाकू-छुरी से ताबड़तोड़ वार किए। इसके बाद आरोपी हथियार लहराते हुए फरार हो गए।
वारदात इलाके में वर्चस्व कायम करने के लिए की गई। आरोपी आए दिन इलाके में दहशत फैलाते हैं और मुंह खोलने वालों को बेरहमी से पीटते हैं।

आरोपियों के खिलाफ आवाज उठाता था युवक
निखिल उनकी हरकतों का खुलकर विरोध करता था। इसी बात पर बदमाशों ने शुक्रवार शाम उसे धमकाने का प्रयास किया। निखिल ने विरोध कर पुलिस में शिकायत की बात कही तो आरोपी उससे हाथ-मुक्कों से मारपीट कर फरार हो गए।
जाते समय आरोपियों ने उसे मोहल्ले में न दिखने और मुंह बंद रखने की धमकी दी थी। शुक्रवार रात निखिल घर के बाहर अकेला खड़ा था। जानकारी मिलते ही आरोपियों ने चाकू-छुरी से ताबड़तोड़ वार किए। परिजन उसे लहूलुहान हालत में अस्पताल ले गए, जहां इलाज के दौरान तड़के उसकी मौत हो गई। पुलिस ने हत्या का केस दर्ज किया है और आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।
बदमाश पुराने अपराधी हैं, हाल ही में जेल से छूटे थे
आरोपी जुगल, गोविंद और धनु इलाके के बदमाश हैं। वे हाल ही में हत्या के प्रयास के मामले में जेल से छूटे थे। निखिल उनके आतंक के खिलाफ पहले से आवाज उठाता रहा था।
पहले दोनों की दोस्ती थी, लेकिन उनकी हरकतों के कारण उसने दूरी बना ली थी। इसी कारण आरोपी उससे रंजिश रखते थे और विवाद के बाद उसे मौत के घाट उतार दिया।

इतने वार किए कि आंतें बाहर आ गईं
आरोपियों ने निखिल के पेट, पांव और हाथों पर ताबड़तोड़ वार किए। पेट में गहरे वार से उसकी आंतें बाहर आ गई थीं। परिजनों ने शर्ट से पेट बांधकर उसे अस्पताल पहुंचाया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
पिता बोले- औरतें छेड़ते हैं, वाहन फोड़ते हैं
मृतक के पिता सतीष शितोले ने बताया कि आरोपी पुराने बदमाश हैं। पुलिस उनका जुलूस निकाल चुकी है। वे पांच दिन पहले ही जेल से छूटे हैं। औरतों से छेड़छाड़ करते हैं। नशे में वाहनों को फोड़ देते हैं और लोगों से मारपीट करते हैं। कोई विरोध करे तो मेरे बेटे जैसा हाल कर देते हैं। मेरा बेटा काम करता था और परिवार का सहारा था। पुताई के ठेके लेकर अच्छी कमाई करता था।
वह आरोपियों से किसी तरह का संबंध नहीं रखना चाहता था और अपने काम से काम रखता था। बदमाशों की गलत हरकतों का विरोध करता था। यही उनसे बर्दाश्त नहीं हुआ और उन्होंने मेरे बेटे की जान ले ली।
टीआई संजय सोनी ने बताया कि आरोपी धनु को गिरफ्तार कर लिया गया है। अन्य आरोपियों की तलाश जारी है और जल्द सभी को गिरफ्तार किया जाएगा।

निखिल पर भोपाल-इंदौर में मारपीट के तीन अपराध दर्ज थे
मृतक निखिल के खिलाफ भोपाल और इंदौर में मारपीट के तीन केस दर्ज थे। रात 11:30 बजे पुलिस को साधारण झगड़े की सूचना मिली थी। इसमें धनु और आशीष द्वारा हमले की सूचना दी गई। इस आधार पर पुलिस ने दोनों के खिलाफ हत्या के प्रयास का केस दर्ज किया था।
निखिल की मौत के बाद परिजनों ने बताया कि हमलावर दो नहीं, पांच थे। इसके बाद पुलिस ने पांच लोगों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया।
