चर्चा में बयान

राजनीति में नेताओं के बिगड़े बोल नई बात नहीं है..विवाद बढ़ने पर राजनेता बयान को तोड़—मरोड़ पेश करने का आरोप लगाकर बच निकलते हैं..लेकिन यही बयान समाज में उनकी छवि निर्मित करते हैं..मौजूदा चुनाव में कांग्रेस नेता जीतू पटवारी का प्रदेश की पूर्व मंत्री इमरती देवी को लेकर दिया गया एक बयान चर्चा में है….इसे लेकर बीजेपी कांग्रेस पर हमलावर है..तो क्या,नेता सिर्फ चर्चा में बने रहने के लिए ऐसा करते हैं या राजनीति में महिलाओं को लेकर उनकी सोच भी उनके बयानों की तरह है..
नेताओं के बिगड़े बोल मामले में नया विवाद मप्र कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी से जुड़ा है..जिन्होंने ग्वालियर में मीडया से चर्चा के दौरान प्रदेश सरकार की पूर्व मंत्री इमरती देवी से जुड़े सवाल पर शर्मनाक टिप्पणी की..मामला तूल पकड़ा तो जीतू ने ट्ववीट कर इमरती देवी को अपनी बहन जैसा बताया..इमरती देवी अब अपने खिलाफ हुई टिप्पणी को लेकर पटवारी के खिलाफ एफआइआर कराने की तैयारी में है..पटवारी इससे पहले पार्टी गई तेल लेने व एक पुत्र के चक्कर में 5 पुत्री पैदा होने जैसे बयान को लेकर भी चर्चा में रहे हैं..बाद में अपने बयानों को लेकर उन्हें सफाई भी देनी पड़ी व खेद भी जताना पड़ा था…महिलाओं को लेकर इससे पहले पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ का आइटम,पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह का सौ टका टंच माल व पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा का 15 साल की किशोरी के प्रजनन योग्य होने जैसे बयान भी चर्चा में रहे..मामला तूल पकड़ने पर कांग्रेस नेताओं को सफाई के साथ खेद भी जताना पड़ चुका है..बावजूद इसके राजनेता अपने बिगड़े बोलों से बाज नहीं आ रहे हैं…विपक्षी दलों के नेताओं के बयान को लेकर बीजेपी को कांग्रेस पर हमलावर होने का मौका मिलते रहा है..कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष के बयान को लेकर बीजेपी एक बार फिर हमलावर है…लोकसभा चुनाव के बीच जीतू पटवारी के बयान को लेकर फिलहाल सियासत गर्म है..
