तीसरा साथी बोला-बालकनी से 4 फीट दूर हाईटेंशन लाइन से चिपके लेकिन कैसे, पता नहीं

इंदौर में बी.फार्मा के स्टूडेंट और उसके दोस्त की करंट लगने से मौत हो गई। तीसरा दोस्त घायल हो गया। तीनों को फ्लैट की बालकनी के सामने से गुजर रही हाईटेंशन लाइन से करंट लगा। लाइन बालकनी से महज 4 फीट की दूरी पर है।
घटना सिलिकॉन सिटी में बुधवार देर रात की है। पुलिस शवों का पोस्टमॉर्टम कराने के बाद मामले की जांच कर रही है।
राऊ पुलिस ने बताया कि देवास निवासी मनन सैंधव और दिव्यांश कानूनगो इंदौर के एक कॉलेज में बी.फार्मा फर्स्ट ईयर के स्टूडेंट हैं। दोनों सिलिकॉन सिटी में किराये का फ्लैट लेकर रहते हैं। देवास के ही रहने वाले नीरज मनोहर पटेल से भी उनकी दोस्ती है। वह प्राइवेट नौकरी करता है। नीरज बुधवार रात उनसे मिलने आया था।
सबसे पहले दिव्यांश करंट की चपेट में आया। उसे बचाने में नीरज भी झुलस गया। दोनों तड़प रहे थे, तभी आवाज सुनकर किचन से मनन उन्हें देखने पहुंचा। इसी दौरान उसे भी बिजली का झटका लगा। दिव्यांश और नीरज की मौत हो गई जबकि मनन अस्पताल में भर्ती है।
घटना को लेकर बिजली कंपनी की ओर से फिलहाल कोई बयान नहीं आया है।

घायल ने सिलसिलेवार सुनाया पूरा घटनाक्रम
घायल मनन ने दैनिक भास्कर को बताया, ‘दिव्यांश देवास में कमलापुर का रहने वाला था। उसके पिता मनोज कानूनगो पत्रकार हैं। दिव्यांश और मैंने बी.फार्मा फर्स्ट ईयर में इंदौर के कॉलेज में एडमिशन लिया था। सिलिकॉन सिटी में किराये के रूम में ऊपर वाली मंजिल पर रह रहे थे। नीरज मनोहर पटेल विजयागंज मंडी, देवास का रहने वाला था।
बुधवार रात नीरज हमारे रूम पर आया। 12 से 1 बजे के बीच दिव्यांश और नीरज बालकनी में गपशप कर रहे थे। मैं किचन में रोटी गर्म कर रहा था। बिजली बार-बार आ-जा रही थी इसलिए हम खाना खाने में लेट हो गए थे।
मैंने आवाज लगाई कि खाना गर्म कर लिया है, तुम दोनों आ जाओ। दिव्यांश ने जवाब दिया कि तुम अपनी थाली लगा लो। हम आते हैं। कुछ ही पल गुजरे थे कि दिव्यांश की चीख सुनाई दी, उसके बाद नीरज भी चीखने लगा। मैं दौड़कर आया तो देखा कि दिव्यांश बालकनी के सामने 4 फीट दूर हाईटेंशन लाइन से चिपका था। नीरज उसे बचाने की कोशिश में करंट की चपेट में आ गया।
मैं उनके करीब पहुंचा तो करंट का झटका लगा। मैं वापस आ गिरा। शायद अर्थिंग मिल जाने से मेरी जान बच गई थी।
जब मुझे हल्का होश आया तो देखा कि दोनों दोस्तों की मौत हो गई है। मुझे समझ नहीं आ रहा है उनके साथ क्या हुआ? हाईटेंशन लाइन बालकनी से 4 फीट दूर है। ऐसा हो सकता है कि लाइन ने दिव्यांश को अपनी तरफ खींच लिया हो।’

घटना के मिनट टु मिनट अपडेट्स के लिए नीचे दिए ब्लॉग से जरूर गुजर जाइए…
अपडेट्स
बिल्डिंग के इस फ्लोर में रहते थे दोनों छात्र
सिलिकॉन सिटी स्थित बिल्डिंग के इस फ्लोर में दोनों छात्र रहते थे। दैनिक भास्कर की टीम जब घटना स्थल पर पहुंची तो उस वक्त पूरी बिल्डिंग खाली थी।
देवास से इंदौर पढ़ने आया था दिव्यांश
मनन के परिवार ने दैनिक भास्कर को बताया कमलापुर का रहने वाला दिव्यांश कानूनगो कुछ समय पहले मनन सैंधव के साथ इंदौर पढ़ने आया था। दोनों ने बीफॉर्मा में फर्स्ट ईयर में एडमिशन लिया और रूममेट थे। उनका एक अन्य साथी नीरज मनोहर पटेल भी देवास का रहने वाला था और पहले से यहां पर जॉब करता था। नीरज रात में उनसे मिलने आया था और दिव्यांश के साथ बालकनी में बैठकर गपशप कर रहा था। तभी हादसा हो गया। मनन बचाने में झुलसा है।
चार फीट दूर है, कोशिश करें तो हाथ पहुंच सकता है : घायल छात्र मनन

घटनास्थल से भास्कर रिपोर्टर कपिल राठौर की रिपोर्ट
सिलीकॉन सिटी स्थित वह बिल्डिंग, जहां बुधवार देर रात घटना हुई है।
घायल मनन सैंधव देवास ने कहा- मैं किचन में था
दोनों दोस्तों की मौत को लेकर घायल मनन ने कहा कि दिव्यांश कानूनो और मैं रूममैट थे और साथ में पढ़ते थे। नीरज जॉब करता था। वह हमसे मिलने के लिए आया था। रात को बार-बार बिजली जाने से दिव्यांश और नीरज बालकनी में बैठ गए थे। वहीं हादसा हो गया।
