पूरा मध्य प्रदेश अब भ्रष्टाचार की राजधानी बन चुका है।
पूरा मध्य प्रदेश अब भ्रष्टाचार की राजधानी बन चुका है।
सीधी के सरकारी संजय गांधी महाविद्यालय में 2.60 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे भवन में जिस तरह की अनियमितताएँ सामने आई हैं, वह स्पष्ट संकेत है कि प्रदेश में भ्रष्टाचार व्यवस्था का हिस्सा बन चुका है।
निर्माण स्थल पर अनिवार्य सूचना बोर्ड तक नहीं मिला। मौके पर मौजूद जिम्मेदार लोग निर्माण एजेंसी का नाम तक स्पष्ट नहीं बता सके, जिससे गुणवत्ता, पारदर्शिता और जवाबदेही तीनों पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं।
सच्चाई यह है कि आज मध्य प्रदेश में शायद ही कोई ऐसा क्षेत्र बचा हो जहाँ भ्रष्टाचार न हो। शिक्षा संस्थान हों, निर्माण कार्य हों या सरकारी योजनाएँ, हर जगह जनता के पैसे पर खेल हो रहा है।
जनता के टैक्स के पैसे से बनने वाले संस्थानों में इस तरह की गड़बड़ियाँ अस्वीकार्य हैं। जिम्मेदार लोगों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए और पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच जरूरी है।
