भोपाल में ट्रैफिक पुलिस के एएसआई ने किया सुसाइड
कमला नगर स्थित नेहरू नगर पुलिस लाइन में रहने वाले ट्रैफिक पुलिस के एक एएसआई ने बुधवार की सुबह नौ बजे स्वयं को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। अपनी लाइसेंस 315 बोर की राइफल से उन्होंने खुद को शूट किया है। पुलिस की शुरुआती जांच में पत्नी की बीमारी से डिप्रेशन में होने की बात सामने आई है। बताया जा रहा है कि पत्नी कैंसर से पीड़ित हैं।
योगेंद्र बुधवार सुबह जल्दी उठ गए थे। रोज की तरह पूजा-पाठ की, इसके बाद अपने फ्लैट के गेट पर खड़े होकर खुद को गोली मार ली। वे भोपाल के जोन नंबर 4 में पदस्थ थे। गोली उनकी ठुड्डी को चीरते हुए सिर से बाहर निकल गई। घटना की जानकारी लगते ही पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंच गए। जांच में पता चला है कि वे कैंसर से पीड़ित पत्नी की वजह से 2 साल से डिप्रेशन मे थे। परिजनों के कहने पर पुलिस ने शव मॉर्चुरी में रखवा दिया है। पीएम गुरुवार को यूपी से रिश्तेदारों के आने के बाद कराया जाएगा।

भाई से कहा था कल से ड्यूटी जॉइन करूंगा
एएसआई योगेंद्र बीते डेढ़ महीने से सिक लीव पर थे। उनका डिप्रेशन का इलाज भी चल रहा था। ड्यूटी कोलार बीट में थी। भाई देवेंद्र ने बताया कि हम लोग मूल रूप से उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद के रहने वाले हैं। भइया सुबह चार बजे उठ जाते थे। आज उन्होंने सुबह फूल तोड़े और पूजा की। सुबह नौ बजे करीब बड़े बेटे अमित से रायफल साफ करने की बात कही।
उन्होंने कहा था कि वे गुरुवार को ड्यूटी जॉइन करेंगे। इसके बाद फायर की आवाज सुनाई दी। देवेंद्र ने बताया कि उनका बड़ा बेटा अमित म्यूजिशियन है, दूसरा सुमित प्राइवेट जॉब करता था। तीसरा बेटा मोहित विधायक रामेश्वर शर्मा के काफिले में बतौर प्राइवेट फॉलेगार्ड काम करता है।
हादसे के एंगल पर भी जांच
मृतक के पास से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। पुलिस ने एफएसएल की टीम से घटना स्थल का मुआएना करा लिया है। क्योंकि योगेंद्र ने बेटे से राइफल की सर्विस की बात कही थी, लिहाजा पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि सर्विसिंग के समय दुर्घटनावश तो फायर नहीं हुआ है। हालांकि एफएसएल की टीम का मानना है कि क्राइम सीन देखने के बाद सभी सबूत सुसाइड की ओर इशारा कर रहे हैं।
चार साल बाद होना था रिटायरमेंट
मृतक के बेटे अमित ने बताया कि पिता ने पुलिस डिपार्टमेंट में 36 साल का लंबा कार्यकाल गुजार लिया था। दो साल बाद उनका रिटायरमेंट होना था। कभी पिता ने ड्यूटी पर तनाव की बात अथवा किसी प्रकार की प्रताड़ना का जिक्र हमसे नहीं किया था। इधर, डीसीपी प्रियंका शुक्ला ने बताया कि मामले में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। शुरूआती जांच में मामला खुदकुशी का लग रहा है।
