BJP मेंबरशिप ड्राइव में मंत्री विजय शाह सबसे पीछे
बीजेपी के सदस्यता अभियान के पहले चरण में आदिवासी विधानसभाओं में सदस्यता की स्थिति खराब है। पिछले महीने के अंत में पहले चरण की समीक्षा में जनजातीय कार्य मंत्री कुंवर विजय शाह की विधानसभा सीट हरसूद में सदस्यता का आंकड़ा 19.77% ही हो पाया है।
मंत्री शाह की सीट हरसूद में 64250 सदस्य बनाने का टारगेट तय किया गया था। फर्स्ट फेज में मात्र 12700 यानी 19.77% फॉर्म भर पाए। 10 विधानसभा सीटें ऐसी हैं जहां सदस्यता का आंकड़ा 20 से 32 प्रतिशत ही सदस्यता हो पाई है।
जानिए ऐसे तय हुआ मेंबरशिप का टारगेट
विधानसभा क्षेत्र के कुल पोलिंग बूथ पर प्रति मतदान केंद्र 250 सदस्य बनाने का टारगेट तय हुआ। ऐसे कुल मतदान केंद्र × 250 = विधानसभा का सदस्यता टारगेट तय हुआ।
अपराधियों और बागियों-दागियों की होगी छंटनी बीजेपी के सदस्यता अभियान में 15 अक्टूबर के बाद मेंबर-शिप लेने वालों की स्क्रूटनी होगी। इसमें आपराधिक छवि वाले लोगों, पार्टी के खिलाफ चुनाव लड़ने वालों और निष्कासित चल रहे बागियों, भ्रष्टाचार के मामले में दागी और किसी भी तरह के माफिया छवि वालों को भाजपा अपनी सदस्यता से बर्खास्त करेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा था काम करो सरकार में बहुत मौके मिलेंगे 3 सितंबर को भोपाल स्थित प्रदेश भाजपा कार्यालय में सदस्यता अभियान कार्यक्रम की शुरुआत हुई थी। इसमें मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कार्यकर्ताओं और नेताओं को संबोधित करते हुए कहा था कि यह अभियान आप सबके पास अपना काम दिखाने के अवसर की तरह है। आप लोग इसमें अच्छा काम करिए, सरकार में बहुत सारी समितियां हैं। सरकार के साथ काम करने के बहुत मौके आपको मिलेंगे। मुख्यमंत्री के इस बयान से साफ है की सदस्यता अभियान में अच्छा काम करने वाले जमीनी कार्यकर्ताओं को आगे आने वाले समय में सत्ता और संगठन में अहम जिम्मेदारियां मिल सकती हैं। जिला योजना समिति, कॉलेज की जन भागीदारी समिति सहित तमाम समितियों में भी बूथ स्तर तक के कार्यकर्ता एडजस्ट किया जा सकते हैं।

सदस्यता अभियान के आंकड़े
- मिस्ड कॉल- 1,03,27,451
- फार्म भरे- 95,83,927
- हासिल हुआ टारगेट – 59%
(2 सितंबर से 27 सितंबर तक के आंकडे़)
25 सितंबर को बने 9.33 लाख सदस्य 2 सितंबर को सदस्यता अभियान की शुरुआत हुई। पहले दिन 2,47,491 सदस्य बने। अगले दिन 3 सितंबर को 7,52,110 मेंबर बने। इसके बाद सदस्यता का आंकड़ा पौने दो लाख से लेकर सवा तीन लाख मेंबर डेली रहा। 16 सितंबर को आंकडे़ में इजाफा हुआ और एक दिन में 6,75,790 सदस्य बने। 25 सितंबर को 9 लाख 33 हजार सदस्य बने।


हारी हुई 38 विधानसभाओं में आधा टारगेट भी नहीं हुआ पूरा
सदस्यता अभियान में बीजेपी को हारी हुई विधानसभाओं में से 38 सीटें ऐसी हैं, जहां 50 फीसदी टारगेट भी पूरा नहीं हुआ है। इनमें बालाघाट, बिछिया, पोहरी, अंबाह, पांढुर्णा, हरदा, बड़ामलहरा, अटेर, बड़वानी, खरगापुर, चुरहट, ग्वालियर ग्रामीण, भीकनगांव, महिदपुर, जोबट, ड़बरा, सरदारपुर, केवलारी, कसरावद, सेंधवा, मनावर, झाबुआ, कुक्षी, टिमरनी, तराना, भगवानपुरा, गोहद, भांडेर, वारासिवनी, परसवाड़ा, राजपुर, लखनादौन, सुसनेर, गंधवानी, बैहर, थांदला, सैलाना, पुष्पराजगढ़
एससी सीटों पर 50% से कम टारगेट कवर हुआ
मनगवां, आष्टा, सोनकच्छ, जयसिंहनगर, महेश्वर, अंबाह, पांढुर्णा, घटि्टया, कुरवाई, बड़वानी, जतारा, शहपुरा, गोटेगांव, रतलाम ग्रामीण, हटा, जोबट, ड़बरा, तराना, भगवानपुरा, गोहद, भांडेर।
इन आदिवासी सीटों पर 50% से कम मेंबरशिप जैतपुर, बिछिया, चितरंगी, सिहोरा, मानपुर, बड़वारा, बांधवगढ़, भीकनगांव, सरदारपुर, पंधाना, सेंधवा, पेटलावद, बरघाट, मनावर, नेपानगर, पानसेमल, झाबुआ, कुक्षी, घोड़ाडोंगरी, राजपुर, लखनादौन, भैंसदेही, बैहर, थांदला, सैलाना, पुष्पराजगढ़।
सबसे ज्यादा सदस्य 26 से 35 साल के फर्स्ट फेज में 27 सितंबर तक के आंकड़ों पर गौर करें तो 8122645(85.75%) पुरुष सदस्य बने हैं। 1444096 (15.06%) महिला और 17186 (0.17%) थर्ड जेंडर के सदस्य बने हैं। बीजेपी की सदस्यता में सबसे ज्यादा 35 फीसदी 26 से 35 आयुवर्ग के सदस्य बने हैं। 18 से 25 साल आयुवर्ग के 30 फीसदी और 65 साल से अधिक उम्र के मात्र 2 फीसदी सदस्य बने हैं।

