सरकार का मंत्र- हम भ्रष्टन के, भ्रष्ट हमारे

माननीय मुख्यमंत्री जी,
मप्र के यह प्रमाणित भ्रष्टाचार हैं। उनकी जांच भी हो चुकी, भ्रष्टों के नाम भी सामने हैं। एक महिला युवा आईएएस अधिकारी की 56 पेज की जांच रिपोर्ट पर पूरी राज्य सरकार कुंडली मारकर बैठी है। इस बड़े भ्रष्टाचार को उजागर करने वाली महिला युवा आईएएस को बीते तीन वर्ष से कितना प्रताड़ित किया गया है। जिन भ्रष्टों को जेल के सीखचों में बंद होना चाहिए वे महिला आईएएस की दुर्दशा कराकर अट्टहास कर रहे हैं। लोकायुक्त और ईओडब्ल्यु जैसी संस्थाओं के हाथ बांध दिए गए हैं। यह मप्र का दुर्भाग्य है कि पूरी राज्य भ्रष्टाचार और भ्रष्टाचारियों के साथ नजर आ रही है। अब मैं क्या लिखूं….कितना लिखूं….राज्य सरकार पर कोई असर नहीं होना है। सरकार का मंत्र बन गया है कि ” हम भ्रष्टन के, भ्रष्ट हमारे।
ravindra jain
